अपने-अपने आसमान के ध्रुवतारे
India Today Hindi|November 13, 2024
महानता के दो रूप हैं. एक वे जो अपने पेशे के दिग्गजों के मुकाबले कहीं ज्यादा चमक और ताकत हासिल कर लेते हैं.
अपने-अपने आसमान के ध्रुवतारे

उनमें कई ऐसी जगहों पर होते हैं जो बिलाशक दूसरों की जिंदगियों पर असर डालती हैंराजनेता स्वाभाविक ही सबसे ज्यादा दिमाग में आते हैं. मगर उनमें ज्यादातर अपनी जमात में ही तुलना के योग्य होते हैं. महानता के पलड़े पर वे समानधर्मा कामों और गतिविधियों से जुड़े लोगों के कुल का निर्माण करते हैं. दूसरे वे जो पेशे से ऊपर उठ जाते हैं, जिनकी अहमियत उनके रोजमर्रा के दायरे के पार निकल जाती है. इस तरह वे ठोस और प्रतीकात्मक तरीकों से समाज का रंग-ढंग बदल देते हैं. अगले पन्नों पर हम ठीक ऐसी ही उत्कृष्ट विभूतियों का चयन प्रस्तुत कर रहे हैं. दस विभूतियां, जो अपनी चुनी हुई जिंदगी के क्रियाकलापों में ही अलग हैं, लेकिन जब वे महानता की बुलंदी पर पहुंचे, तो एक सार्वभौमिकता हासिल कर ली.

अब भी कोई भ्रम हो, तो नामों से मिट जाएगा. मसलन, आप पाएंगे कि अमिताभ बच्चन की शख्सियत का बखान करने के लिए 'अभिनेता' शब्द बिल्कुल नाकाफी है. वे ऐसी सांस्कृतिक परिघटना हैं जो युग को परिभाषित करने वाले तटबंधों के आर-पार फैली है. यह समझना मुश्किल नहीं कि यह 'सार्वभौम' असर कलाकारों या खिलाड़ियों के लिए किस तरह काम करता है. यह समझने के लिए कि ऐसा क्यों होता है, मसलन, सचिन तेंडुलकर अपने बनाए रनों के कुल योग से कहीं बड़े हैं. हमारी फेहरिस्त में कॉर्पोरेट जगत के दिग्गज भी हैं, लेकिन वही जो अपनी कंपनी के मूल्य निर्धारण से कहीं ज्यादा बड़ी चीजों के वास्तुकार रहे हैं. वे किसी गैर-ओहदेदार रसूखदारों के दंतहीन क्लब में नहीं हैं, बल्कि बेहद बढ़-चढ़कर सक्रिय हैं और उनकी उत्पादक क्षमता जरा भी चूकी नहीं है - यहां तक कि 90 वर्षीय ऑटो निर्माता आर. सी. भार्गव की भी नहीं. महानता किसी न किसी स्तर पर अक्षय ऊर्जा भी है.

1 अमिताभ बच्चन, 82 वर्ष अभिनेता, बॉलीवुड के लीजेंड

सदाबहार सुपरस्टार

Denne historien er fra November 13, 2024-utgaven av India Today Hindi.

Start din 7-dagers gratis prøveperiode på Magzter GOLD for å få tilgang til tusenvis av utvalgte premiumhistorier og 9000+ magasiner og aviser.

Denne historien er fra November 13, 2024-utgaven av India Today Hindi.

Start din 7-dagers gratis prøveperiode på Magzter GOLD for å få tilgang til tusenvis av utvalgte premiumhistorier og 9000+ magasiner og aviser.

FLERE HISTORIER FRA INDIA TODAY HINDISe alt
परदेस में परचम
India Today Hindi

परदेस में परचम

भारतीय अकादमिकों और अन्य पेशेवरों का पश्चिम की ओर सतत पलायन अब अपने आठवें दशक में है. पहले की वे पीढ़ियां अमेरिकी सपना साकार होने भर से ही संतुष्ट हो ती थीं या समृद्ध यूरोप में थोड़े पांव जमाने का दावा करती थीं.

time-read
4 mins  |
November 13, 2024
भारत का विशाल कला मंच
India Today Hindi

भारत का विशाल कला मंच

सांफ्ट पावर से लेकर हार्ड कैश, हाई डिजाइन से लेकर हाई फाइनेंस आदि के संदर्भ में बात करें तो दुनिया के अन्य हिस्सों की तरह भारत की शीर्ष स्तर की कला हस्तियां भी भौतिक सफलता और अपनी कल्पनाओं को परवान चढ़ाने के बीच एक द्वंद्व को जीती रहती हैं.

time-read
3 mins  |
November 13, 2024
सपनों के सौदागर
India Today Hindi

सपनों के सौदागर

हम ऐसी दुनिया में रहते हैं जहां मनोरंजन से हौवा खड़ा हो है और उसी से राहत भी मिलती है.

time-read
4 mins  |
November 13, 2024
पासा पलटने वाले महारथी
India Today Hindi

पासा पलटने वाले महारथी

दरअसल, जिंदगी की तरह खेल में भी उतारचढ़ाव का दौर चलता रहता है.

time-read
4 mins  |
November 13, 2024
गुरु और गाइड
India Today Hindi

गुरु और गाइड

अल्फाज, बुद्धिचातुर्य और हास्यबोध उनके धंधे के औजार हैं और सोशल मीडिया उनका विश्वव्यापी मंच.

time-read
4 mins  |
November 13, 2024
निडर नवाचारी
India Today Hindi

निडर नवाचारी

खासी उथल-पुथल मचा देने वाली गतिविधियों से भरपूर भारतीय उद्यमिता के क्षेत्र में कुछ नया करने वालों की नई पौध कारोबार, टेक्नोलॉजी और सामाजिक असर पैदा करने के नियम नए सिरे से लिख रही है.

time-read
4 mins  |
November 13, 2024
अलहदा और असाधारण शख्सियतें
India Today Hindi

अलहदा और असाधारण शख्सियतें

किसी सर्जन के चीरा लगाने वाली ब्लेड की सटीकता उसके पेशेवर कौशल की पहचान होती है.

time-read
6 mins  |
November 13, 2024
अपने-अपने आसमान के ध्रुवतारे
India Today Hindi

अपने-अपने आसमान के ध्रुवतारे

महानता के दो रूप हैं. एक वे जो अपने पेशे के दिग्गजों के मुकाबले कहीं ज्यादा चमक और ताकत हासिल कर लेते हैं.

time-read
10 mins  |
November 13, 2024
बोर्डरूम के बादशाह
India Today Hindi

बोर्डरूम के बादशाह

ढर्रा-तोड़ो या फिर अपना ढर्रा तोड़े जाने के लिए तैयार रहो. यह आज के कारोबार में चौतरफा स्वीकृत सिद्धांत है. प्रतिस्पर्धा से प्रेरित होकर भारत के सबसे ताकतवर कारोबारी अगुआ अपने साम्राज्यों को मजबूत कर रहे हैं. इसके लिए वे नए मोर्चे तलाश रहे हैं, गति और पैमाने के लिए आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस सरीखे उथल-पुथल मचा देने वाले टूल्स का प्रयोग कर रहे हैं और प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए नवाचार बढ़ा रहे हैं.

time-read
9 mins  |
November 13, 2024
देश के फौलादी कवच
India Today Hindi

देश के फौलादी कवच

लबे वक्त से माना जाता रहा है कि प्रतिष्ठित शख्सियतें बड़े बदलाव की बातें करते हुए सियासी मैदान में लंबे-लंबे डग भरती हैं, वहीं किसी का काम अगर टिकता है तो वह अफसरशाही है.

time-read
10 mins  |
November 13, 2024